अनूपपुर जिले में पारिस्थितिकीय पर्यटन विकास की चुनौतियाँ एवं संभावनाएँ-एक भौगोलिक अध्ययन

Authors

  • डॉ. एस.एम. प्रजापति Author

DOI:

https://doi.org/10.64675/favpqb26

Keywords:

पारिस्थितिकीय पर्यटन, अनूपपुर जिला, अमरकंटक, अचानकमार टाइगर रिजर्व, जनजातीय सांस्कृतिक पर्यटन, नर्मदा उद्‌गम, भौगोलिक अध्ययन, सतत् पर्यटन, जैव-विविधता, स्थानीय समुदाय सहभागिता।

Abstract

पारिस्थितिकीय पर्यटन (Ecotourism) आज विश्व में सर्वाधिक तीव्रगति से विकसित होने वाला पर्यटन क्षेत्र है जो पर्यावरण संरक्षण, स्थानीय समुदाय के आर्थिक उत्थान एवं सांस्कृतिक धरोहर के संवर्धन को एकसाथ संभव बनाता है। अनूपपुर जिला, मध्य प्रदेश में नर्मदा एवं सोन नदियों के उद्‌गम स्थल अमरकंटक, अचानकमार टाइगर रिजर्व, विशाल सागौन-साल वनों तथा बैगा-गोंड जनजातियों की अनूठी सांस्कृतिक विरासत के कारण पारिस्थितिकीय पर्यटन की असाधारण संभावनाओं से परिपूर्ण है। प्रस्तुत शोध पत्र में जिले में पारिस्थितिकीय पर्यटन की वर्तमान स्थिति, विद्यमान चुनौतियों एवं भावी संभावनाओं का भौगोलिक विश्लेषण किया गया है। अध्ययन में प्राथमिक सर्वेक्षण एवं द्वितीयक स्रोतों का उपयोग करते हुए पाया गया कि जिले में पर्यटक संख्या वर्ष 2022-23 में 13.37 लाख तक पहुँच गई है। परंतु अधोसंरचना की कमी, पर्यावरणीय दबाव, स्थानीय समुदाय की सीमित सहभागिता एवं प्रचार-प्रसार का अभाव पारिस्थितिकीय पर्यटन के समग्र विकास में बाधक हैं। यदि सुनियोजित नीतिगत हस्तक्षेप किया जाए तो अनूपपुर जिला मध्य भारत का प्रमुख पारिस्थितिकीय पर्यटन गंतव्य बन सकता है।

Downloads

Published

2026-01-24